राम कथा सभी को इंसान बनाती है, सभी धर्म-संप्रदाय के लोगों को सुननी चाहिए – आचार्य कौशिक महाराज
नर्मदापुरम। राम कथा ऐसा जीवन संदेश है जिसे सभी धर्म, जाति और संप्रदाय के लोगों को अवश्य सुनना चाहिए। यह मानव को सच्चे अर्थों में इंसान बनाती है। यह उद्गार शहर के रामजी बाबा (गुप्ता) ग्राउंड में आयोजित श्री राम कथा के तृतीय दिवस आचार्य श्री कौशिक महाराज ने व्यक्त किए।
कथा के दौरान आचार्य कौशिक महाराज ने भगवान श्री राम की सारगर्भित लीलाओं का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने कहा कि श्री राम कथा एक ऐसी प्याऊ है, जो समाज के हर वर्ग को समान रूप से जीवन मूल्यों का जल प्रदान करती है। इसमें किसी प्रकार का भेदभाव नहीं है।
उन्होंने कहा कि जब-जब पृथ्वी पर धर्म की हानि होती है, संतों का अपमान बढ़ता है और मठ-मंदिरों पर संकट आता है, तब भगवान धर्म की रक्षा के लिए अवतार लेते हैं।
मां नर्मदा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने श्रद्धालुओं से नदी को स्वच्छ रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि घाटों पर साबुन सहित अन्य रासायनिक पदार्थों का उपयोग नहीं करना चाहिए। आचार्य श्री ने बताया कि मां नर्मदा चार प्रमुख नदियों में सर्वोच्च हैं और लगभग साढ़े चार करोड़ वर्ष से पृथ्वी पर प्रवाहित हो रही हैं। उन्होंने धार्मिक मान्यताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रलय के बाद भी मां नर्मदा का जल समाप्त नहीं होगा।
श्री राम कथा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित हो रहे हैं। यह आयोजन 4 दिसंबर तक प्रतिदिन दोपहर 1:30 बजे से शाम 5 बजे तक किया जा रहा है।